राजेश वर्मा। कुरुक्षेत्र भूमि
कुरुक्षेत्र,
हरियाणा के सरकारी सहायता प्राप्त (ऐडेड) महाविद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों एवं गैर-शैक्षणिक कर्मचारियों ने रविवार को यमुनानगर दौरे पर आए हरियाणा के माननीय मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी जी को अपनी लंबित मांगों का ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में 7वें वेतन आयोग के अनुसार मकान किराया भत्ता (HRA) प्रदान किए जाने तथा 25 कैजुअल अवकाश की अधिसूचना जारी करने की मांग प्रमुख रूप से उठाई गई।
इस अवसर पर जिला भाजपा अध्यक्ष श्री राजेश छप्पर्रा ने माननीय मुख्यमंत्री को ऐडेड कॉलेजों से संबंधित समस्याओं की संक्षिप्त जानकारी दी। मुख्यमंत्री ने ज्ञापन स्वीकार कर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया।
ज्ञापन सौंपने के दौरान यमुना कमल के कार्यालय सचिव डॉ. सतीश चौधरी, कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय कुरुक्षेत्र की अकादमिक परिषद के सदस्य डॉ. रमेश्वर ग्रोच, डॉ. किरण शर्मा, डॉ. सुनीता सिखरी, डॉ. सुमिता कंवर, डॉ. कनिका सहित अनेक शिक्षक एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
बताया गया कि हरियाणा के 96 सरकारी सहायता प्राप्त महाविद्यालयों में कार्यरत लगभग 2361 शिक्षक एवं गैर-शिक्षक कर्मचारी 7वें वेतन आयोग के अंतर्गत मकान किराया भत्ता से वंचित हैं। जबकि वर्ष 2016 से राज्य सरकार के सभी विभागों में संशोधित एचआरए लागू किया जा चुका है, ऐडेड कॉलेजों के कर्मचारियों को अब तक इसका लाभ नहीं मिल पाया है। शिक्षा विभाग एवं वित्त विभाग के बीच फाइल लंबित रहने के कारण यह मामला लंबे समय से अटका हुआ है।
सूत्रों के अनुसार, सरकार द्वारा ऐडेड कॉलेजों के कर्मचारियों को एचआरए देने के संबंध में आवश्यक वित्तीय आकलन (financial exercise) पहले ही किया जा चुका है, जिसमें अतिरिक्त मासिक बजट की गणना लगभग ₹1,10,31,307 आंकी गई है। इसके बावजूद अब तक इस विषय पर अंतिम निर्णय नहीं लिया गया है।
ज्ञापन में महिला कर्मचारियों के हित में कैजुअल अवकाश 20 से बढ़ाकर 25 करने की घोषणा पर भी ध्यान दिलाया गया। इस संबंध में उच्च स्तर पर स्वीकृति के बावजूद अब तक शिक्षा विभाग द्वारा इसकी अधिसूचना जारी नहीं की गई है।
ऐडेड कॉलेजों के कर्मचारियों ने सरकार से मांग की कि लंबित एचआरए फाइल को शीघ्र स्वीकृत कर 7वें वेतन आयोग के अनुसार एचआरए का लाभ प्रदान किया जाए तथा 25 कैजुअल अवकाश की अधिसूचना तत्काल जारी की जाए, ताकि कर्मचारियों को न्याय मिल सके।
Tags
कुरुक्षेत्र